ग्वालियर। मध्य प्रदेश के ग्वालियर जिले के डबरा से एक गंभीर मामला सामने आया है, जहां एक नाबालिग छात्रा की तस्वीर का आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस यानी AI के जरिए कथित तौर पर अश्लील रूप तैयार कर सोशल मीडिया पर वायरल करने का आरोप लगा है। इतना ही नहीं, आरोपी पर छात्रा से जुड़ी आपत्तिजनक तस्वीरों के जरिए पैसों की मांग करने का भी आरोप है। मामले की शिकायत मिलने के बाद डबरा पुलिस ने कार्रवाई करते हुए महावीरपुरा निवासी एक युवक को गिरफ्तार किया है। पुलिस अब मामले से जुड़े डिजिटल साक्ष्यों की जांच और आगे की वैधानिक कार्रवाई में जुटी है।
दरअसल तकनीक के बढ़ते इस्तेमाल के बीच AI के दुरुपयोग का एक और मामला सामने आया है। आरोप है कि डबरा के महावीरपुरा निवासी युवक ने इंस्टाग्राम पर फर्जी आईडी बनाई और इसके जरिए एक नाबालिग छात्रा की तस्वीर को AI की मदद से आपत्तिजनक रूप दिया। इसके बाद कथित तौर पर तस्वीर को सोशल मीडिया पर वायरल किया गया। आरोपी पर इस तस्वीर के आधार पर पैसों की मांग करने का भी आरोप है।
इस घटना के सामने आने के बाद छात्रा और उसके परिवार को मानसिक परेशानी का सामना करना पड़ा। नाबालिग की तस्वीर का इस तरह कथित दुरुपयोग किए जाने से मामला गंभीर हो गया। शिकायत के आधार पर पुलिस ने जांच शुरू की और कार्रवाई करते हुए आरोपी को गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस अब इस पूरे मामले से जुड़े तथ्यों की पड़ताल कर रही है। जांच में फर्जी इंस्टाग्राम आईडी, कथित आपत्तिजनक तस्वीर और पैसों की मांग से संबंधित डिजिटल साक्ष्य अहम हो सकते हैं। पुलिस यह भी पता लगाएगी कि तस्वीर को किस तरह तैयार किया गया और उसे सोशल मीडिया पर किन माध्यमों से प्रसारित किया गया। फिलहाल आरोपी के खिलाफ वैधानिक प्रक्रिया जारी है।
AI तकनीक का इस्तेमाल रचनात्मक और उपयोगी कार्यों के लिए किया जा सकता है, लेकिन किसी व्यक्ति की तस्वीर को बिना सहमति आपत्तिजनक रूप देना और उसका प्रसार करना गंभीर परिणामों वाला कृत्य हो सकता है। खासकर नाबालिगों से जुड़े ऐसे मामलों में पीड़िता की पहचान और निजता की सुरक्षा बेहद जरूरी है।
वही पूरे मामले में डबरा देहात के थाना प्रभारी आशिफ मिर्जा बेग का कहना गया कि जांच और कानूनी प्रक्रिया के बाद ही घटना से जुड़े सभी तथ्यों की स्थिति स्पष्ट हो सकेगी फिलहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है। यह मामला एक बार फिर सोशल मीडिया पर फर्जी पहचान बनाकर तस्वीरों के दुरुपयोग और AI तकनीक के गलत इस्तेमाल को लेकर सतर्क रहने की जरूरत को सामने लाता है।
